कनाडा सरकार ने भारत के खिलाफ लगाए गए आरोपों का खंडन किया, यह किसी जबरदस्त सस्पेंस थ्रिलर के क्लाइमेक्स जैसा लगने लगा। पहले आरोप लगाए गए, फिर सरकार ने कहा, "ये दावे अटकलबाजी और गलत हैं।" जरा सोचिए, एक दिन आप किसी को आरोपी बना दें और अगले दिन कहें, "हमने तो महज़ किसी के कहे-सुने को सुना था, इसमें हमारी कोई गलती नहीं!"
पलटीमार जस्टिन ट्रूडो की सरकार अब सफाई पेश करती नजर आ रही है। कनाडा का हाल गंध फैलाना और फिर समेटने की कोशिश करना जैसा हो गया है। अब, अगर आरोप इतने मजबूत थे, तो ट्रूडो सरकार ने उन्हें नकारते हुए इसे क्यों पलट रहे हैं? इतना तनातनी दिखा रहे थे अचानक 'हृदय परिवर्तन' क्यों हो गया? ब्राज़ील में आयोजित जी20 समारोह में किसी ने भाव नहीं दिया और भारत के साथ सभी देश गलबहियाँ डाले दिखे तो 'भूल' का एहसास हो गया क्या !
कनाडा के राष्ट्रीय सुरक्षा और खुफिया सलाहकार नथाली जी ड्रौइन ने एक बयान जारी किया जिसमें कहा गया, "हमारे पास इन दावों का कोई ठोस आधार नहीं है।" यह बयान उतना ही रोचक था जितना कोई फिल्म के बीच में आकर कहे, "प्यारे दर्शकों! सस्पेंस खत्म, अब सब ठिक है।" और, अगर आपको लगा कि यह कूटनीतिक बयान ताज्जुब भरा था, तो यहां कनाडा सरकार ने बड़े प्यार से यह भी जोड़ दिया कि ये सब "अटकलबाजी और अविश्वसनीय" है।
जाहिर है, कनाडा की सरकार इस तनाव को अब शांति की दिशा में मोड़ने की कोशिश कर रही है। जैसा कि अब तक का ट्रेंड बताता है, जब अंतर्राष्ट्रीय राजनीति में थोड़ी-सी गर्मी बढ़ जाए, तो 'फ्रीज़' करने का समय आता है। कनाडा के इस पलटवार ने यह साफ संकेत दिया कि वह मामले को बढ़ाने के बजाय ठंडा करने के इच्छुक हैं।
साथ ही, कनाडा के ग्लोब एंड मेल न्यूज़पेपर की रिपोर्ट में दावा किया गया था कि भारत को निज्जर की हत्या की साजिश के बारे में पहले से जानकारी थी और इसमें भारतीय राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार और विदेश मंत्री भी शामिल थे। अब, ट्रूडो सरकार ने इन आरोपों से किनारा करते हुए उसे खारिज कर दिया। यह सब ऐसा ही है जैसे पहले किसी ने कहा हो, "मैंने यह किया," और फिर अगले पल कहे, "नहीं, वह तो मैंने ऐसे ही कह दिया, मुंह से निकाल गया, हम ऐसा कुछ नहीं कहना चाहते थे।"
भारत ने कनाडाई मीडिया की रिपोर्ट को पहले ही खारिज कर दिया था। गुरुवार को कनाडा की इस रिपोर्ट के जवाब में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि कनाडाई सरकारी सूत्र से कथित तौर पर एक न्यूजपेपर में दिए गए ऐसे हास्यास्पद बयानों को कोई तवज्जो नहीं देनी चाहिए।
'रिवर्स गियर' लगाने से सब कुछ अचानक ठीक नहीं होगा, यह तो सभी देशों को सोचना चाहिए की किसी के उपर मुंह उठा के कुछ भी आरोप लगाने से पहले
कनाडा सरकार का 'रिवर्स गियर',पलटीमार टूडो सरकार
कनाडा सरकार ने भारत के खिलाफ लगाए गए आरोपों का खंडन किया, यह किसी जबरदस्त सस्पेंस थ्रिलर के क्लाइमेक्स जैसा लगने लगा। पहले आरोप लगाए गए, फिर सरकार ने कहा, "ये दावे अटकलबाजी और गलत...



